आगरा में ‘स्कूल चलो अभियान-2026’ के दूसरे चरण का शुभारंभ: केंद्रीय मंत्री प्रो. एस.पी. सिंह बघेल बोले— शिक्षा ही सफलता और सम्मान की सबसे बड़ी कुंजी
राव कृष्णपाल सिंह ऑडिटोरियम में प्रवेश उत्सव का भव्य आयोजन, विद्यार्थियों को वितरित की गईं निःशुल्क पुस्तकें, स्कूल बैग और स्टेशनरी, उत्कृष्ट प्रधानाध्यापकों को किया गया सम्मानित
एस. शेरवानी (ब्यूरो चीफ़)
आगरा | 01 जुलाई 2026 |
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित ‘स्कूल चलो अभियान-2026’ के दूसरे चरण (1 जुलाई से 15 जुलाई) का शुभारंभ बुधवार को आगरा में उत्साह और जनभागीदारी के साथ किया गया। राव कृष्णपाल सिंह ऑडिटोरियम, खंदारी में आयोजित प्रवेश उत्सव एवं नामांकन अभियान के दौरान शिक्षा के महत्व, शत-प्रतिशत नामांकन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण को लेकर जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों और अभिभावकों को प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ केंद्रीय मंत्री प्रो. एस.पी. सिंह बघेल, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया, विधायक डॉ. जी.एस. धर्मेश, डॉ. धर्मपाल सिंह, पुरुषोत्तम खंडेलवाल, भगवान सिंह कुशवाह, छोटेलाल वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रशांत पौनिया, मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती प्रतिभा सिंह सहित अन्य अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संबोधन का हुआ सीधा प्रसारण

कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों, विद्यार्थियों एवं अभिभावकों ने सहारनपुर से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा ‘स्कूल चलो अभियान-2026’ के शुभारंभ का लाइव प्रसारण देखा और उनके संबोधन को सुना। मुख्यमंत्री ने सभी पात्र बच्चों का विद्यालयों में शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करने तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने का आह्वान किया।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां

कार्यक्रम की शुरुआत श्यामा देवी कम्पोजिट विद्यालय के छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत सरस्वती वंदना से हुई। इसके बाद विद्यार्थियों ने नुक्कड़ नाटक के माध्यम से “हर बच्चा स्कूल जाए” का प्रभावी संदेश दिया। उनकी प्रस्तुति को उपस्थित लोगों ने खूब सराहा।
“हर बच्चे को अपने बच्चे जैसा समझें” – डॉ. जी.एस. धर्मेश

विधायक डॉ. जी.एस. धर्मेश ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार कक्षा 1 से 12 तक के विद्यार्थियों को निःशुल्क शिक्षा, पुस्तकें, यूनिफॉर्म, जूते-मोजे, बैग और अन्य सुविधाएं उपलब्ध करा रही है।
उन्होंने शिक्षकों से अपील करते हुए कहा कि विद्यालय आने वाले प्रत्येक बच्चे को अपने बच्चे की तरह स्नेह दें। यदि शिक्षक समर्पण भाव से पढ़ाएंगे तो विद्यालयों की गुणवत्ता और सम्मान दोनों बढ़ेंगे। उन्होंने अधिक से अधिक बच्चों का नामांकन कराने का भी आह्वान किया।
“बेटी पढ़ेगी तो दो परिवार शिक्षित होंगे” – डॉ. धर्मपाल सिंह

विधायक डॉ. धर्मपाल सिंह ने कहा कि स्कूल चलो अभियान केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं बल्कि प्रदेश के भविष्य का अभियान है।
उन्होंने अभिभावकों से अपील करते हुए कहा कि सरकार बच्चों के लिए मिड-डे मील, निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें, ड्रेस, छात्रवृत्ति सहित अनेक सुविधाएं दे रही है। ऐसे में किसी भी बच्चे को विद्यालय से दूर नहीं रहना चाहिए।
उन्होंने विशेष रूप से कहा कि “बेटी हो या बेटा, शिक्षा दोनों का समान अधिकार है। एक बेटी शिक्षित होगी तो दो परिवार शिक्षित होंगे।”
“विद्यालय देश का भविष्य गढ़ने वाले मंदिर हैं” – भगवान सिंह कुशवाह
विधायक भगवान सिंह कुशवाह ने कहा कि विद्यालय केवल पढ़ाई का स्थान नहीं बल्कि राष्ट्र निर्माण की प्रयोगशाला हैं।
उन्होंने शिक्षकों से आग्रह किया कि जो बच्चे विद्यालय नहीं आ रहे हैं, उनके घर जाकर अभिभावकों से संवाद करें और उन्हें विद्यालय भेजने के लिए प्रेरित करें। विद्यालयों का वातावरण इतना आकर्षक बनाया जाए कि बच्चे स्वयं पढ़ने के लिए उत्साहित हों।
“एक भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे” – डॉ. मंजू भदौरिया
जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया ने कहा कि आज सभी को संकल्प लेना चाहिए कि 6 से 14 वर्ष आयु का कोई भी बच्चा विद्यालय से बाहर न रहे।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में पिछले वर्षों में सरकारी विद्यालयों का स्वरूप पूरी तरह बदल गया है। अब विद्यालयों में आधुनिक भवन, स्मार्ट कक्षाएं, फर्नीचर, स्वच्छ शौचालय और बेहतर शैक्षिक वातावरण उपलब्ध कराया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि आज का युग हथियारों का नहीं बल्कि शिक्षा और ज्ञान का है।
“सरकारी स्कूलों की तस्वीर बदली है” – प्रशांत पौनिया
भाजपा जिलाध्यक्ष प्रशांत पौनिया ने कहा कि वर्ष 2017 के बाद उत्तर प्रदेश के सरकारी विद्यालयों में ऐतिहासिक परिवर्तन हुआ है।
उन्होंने कहा कि पहले कई विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं का अभाव था, जबकि आज बेहतर भवन, फर्नीचर, शौचालय, पेयजल और प्रशिक्षित शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है।
उन्होंने शिक्षकों से पूरी निष्ठा के साथ विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने का आग्रह किया।
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“शिक्षा सबसे बड़ी ताकत है” – पुरुषोत्तम खंडेलवाल
विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल ने कहा कि शिक्षा ही जीवन में सफलता का सबसे मजबूत आधार है।
उन्होंने अभिभावकों से अपने बच्चों का नियमित विद्यालय में नामांकन और उपस्थिति सुनिश्चित करने की अपील की तथा विद्यार्थियों से अनुशासन, मेहनत और ईमानदारी के साथ अध्ययन करने का संदेश दिया।
केंद्रीय मंत्री प्रो. एस.पी. सिंह बघेल का प्रेरणादायी संबोधन
मुख्य अतिथि केंद्रीय मंत्री प्रो. एस.पी. सिंह बघेल का संबोधन पूरे कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहा।
उन्होंने कहा—
“शिक्षा वह चाबी है, जिससे जंग लगे हुए ताले भी खुल जाते हैं। शिक्षा शेरनी का वह दूध है, जो इसे पीता है, वह जीवन में दहाड़ना सीख जाता है।”
उन्होंने कहा कि अभिभावक यदि किसी एक कार्य के लिए अपनी क्षमता से अधिक खर्च करें तो वह अपने बच्चों की शिक्षा होनी चाहिए, क्योंकि यही निवेश भविष्य में सबसे अधिक लाभ देता है।
उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि बड़े सपने देखें और उन्हें पूरा करने के लिए कठिन परिश्रम करें।
उन्होंने कहा कि—
“लालबत्ती, पद और प्रतिष्ठा स्थायी नहीं होती। ज्ञान, चरित्र और सेवा ही व्यक्ति की वास्तविक पहचान बनते हैं।”
उन्होंने विद्यार्थियों को आईएएस, आईपीएस, वैज्ञानिक, डॉक्टर, न्यायाधीश और जनप्रतिनिधि बनने का लक्ष्य निर्धारित करने के लिए प्रेरित किया।
एस.एन. मेडिकल कॉलेज के विकास का भी किया उल्लेख
अपने संबोधन के दौरान केंद्रीय मंत्री ने बताया कि स्वास्थ्य राज्य मंत्री रहते हुए उन्होंने एस.एन. मेडिकल कॉलेज, आगरा के विकास के लिए लगभग 600 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं को स्वीकृति दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं को नई मजबूती मिली।
विद्यार्थियों को मिली निःशुल्क शैक्षिक सामग्री
कार्यक्रम के दौरान नवप्रवेशी विद्यार्थियों को निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें, स्कूल बैग, स्टेशनरी एवं अन्य शैक्षिक सामग्री वितरित की गई।
इस अवसर पर शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले जनपद के उत्कृष्ट विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को मोमेंटो एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
शिक्षा को जनआंदोलन बनाने का संकल्प
कार्यक्रम के अंत में सभी जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों और अधिकारियों ने संकल्प लिया कि 1 जुलाई से 15 जुलाई तक चलने वाले स्कूल चलो अभियान के दौरान कोई भी पात्र बच्चा विद्यालय से वंचित नहीं रहेगा।
सभी ने गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, नियमित उपस्थिति, ड्रॉपआउट बच्चों की वापसी तथा बालिका शिक्षा को और अधिक मजबूत बनाने का संकल्प भी दोहराया।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती प्रतिभा सिंह, बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. राकेश कुमार सिंह, पीडी डीआरडीए रेनू कुमारी, जिला सूचना अधिकारी शीलेन्द्र कुमार शर्मा, खंड शिक्षा अधिकारी सुमित कुमार, डीसी बालिका कुलदीप कुमार, जिला समन्वयक सुमित कुमार सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी, शिक्षक, अभिभावक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
‘स्कूल चलो अभियान-2026’ का यह दूसरा चरण न केवल नामांकन बढ़ाने का प्रयास है, बल्कि प्रत्येक बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाने और उत्तर प्रदेश को शिक्षा के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक ले जाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल भी माना जा रहा है।


