जाणता राजा महा नाट्य आगरा: पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद व मंत्री जयवीर सिंह ने किया शुभारंभ | मार्च 2026 तक बनेगा शिवाजी महाराज डिजिटल म्यूजियम
आगरा में ‘जाणता राजा’ महा नाट्य का भव्य शुभारंभ पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने किया। मार्च 2026 तक बनेगा शिवाजी महाराज डिजिटल म्यूजियम। पढ़ें पूरी डिटेल रिपोर्ट।

जाणता राजा महा नाट्य आगरा: आगरा में इतिहास और संस्कृति का संगम: पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और मंत्री जयवीर सिंह ने किया ‘जाणता राजा’ महा नाट्य का शुभारंभ, मार्च 2026 तक बनेगा शिवाजी महाराज का डिजिटल म्यूजियम
एस. शेरवानी (ब्यूरो चीफ़)
आगरा, 04 अक्टूबर 2025
ताजमहल की नगरी आगरा एक बार फिर से इतिहास और संस्कृति के अद्भुत संगम की साक्षी बनी। शनिवार शाम, पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और उत्तर प्रदेश के पर्यटन व संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने दीप प्रज्ज्वलित कर ‘जाणता राजा’ महा नाट्य का भव्य शुभारंभ किया। यह आयोजन आगरा की उस ऐतिहासिक धरती पर हुआ जहाँ कभी छत्रपति शिवाजी महाराज को औरंगजेब द्वारा बंदी बनाया गया था।
शिवाजी महाराज के सम्मान में बनेगा डिजिटल म्यूजियम

कार्यक्रम में मंत्री जयवीर सिंह ने बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि आगरा में छत्रपति शिवाजी महाराज का भव्य डिजिटल म्यूजियम बनाया जाएगा। इस म्यूजियम का कार्य मार्च 2026 तक पूरा कर लिया जाएगा।
इसकी कुल लागत लगभग 200 करोड़ रुपये आंकी गई है।
इस डिजिटल म्यूजियम की खास बातें होंगी:
-
अत्याधुनिक तकनीक से सज्जित इंटरैक्टिव गैलरी।
-
शिवाजी महाराज के जीवन और शौर्य को दर्शाने वाली डिजिटल 3D फिल्में।
-
विशेष दर्शक दीर्घा और आर्ट गैलरी, जिसमें आगरा प्रवास और कैद के इतिहास को प्रदर्शित किया जाएगा।
-
यह स्थल केवल भारतीयों ही नहीं, बल्कि विदेशी पर्यटकों और संस्कृति प्रेमियों को भी आकर्षित करेगा।
FOR THE LATEST NEWS AND UPDATES SUBSCRIBE TO HINDI DAINIK SAMACHAR
आगरा पर्यटन विकास में बड़ा निवेश

मंत्री जयवीर सिंह ने आगरा और आसपास के क्षेत्रों में चल रही पर्यटन योजनाओं का विस्तार से उल्लेख किया।
-
शिवाजी महाराज म्यूजियम – ₹197.27 करोड़
-
बटेश्वर (छोटी काशी) के 101 शिव मंदिर – ₹191 करोड़
-
कैलाश मंदिर के विकास के लिए – ₹20 करोड़
-
सहवागत योजना के तहत 16 परियोजनाएँ – ₹61.6 करोड़
-
अब तक आगरा के लिए 55 पर्यटन योजनाओं पर 512 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं।
उन्होंने कहा –
“योगी सरकार ने उत्तर प्रदेश की ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहरों को संरक्षित करने का संकल्प लिया है। 2017 से पहले धार्मिक स्थलों की अनदेखी होती थी, लेकिन अब आगरा सहित पूरे प्रदेश में आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत को पुनर्जीवित किया जा रहा है।”
YouTube Premium Lite India Launch 2025 | Ads-Free Videos अब कम कीमत में
‘जाणता राजा’ महा नाट्य – इतिहास का जीवंत मंचन
‘जाणता राजा’ केवल एक नाटक नहीं बल्कि इतिहास का जीवंत चित्रण है। इसमें 17वीं शताब्दी के मराठा साम्राज्य, शिवाजी महाराज के शौर्य, नीति और दूरदर्शिता को भव्य मंचन के माध्यम से प्रस्तुत किया गया है।
-
यह नाटक पहले लखनऊ में आयोजित किया गया था, जहाँ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसके भव्य मंचन से प्रभावित होकर इसे आगरा में आयोजित करने का सुझाव दिया था।
-
मंचन के दौरान सैकड़ों कलाकार, विशाल सेट, घोड़े और विशेष लाइटिंग इफेक्ट्स ने दर्शकों को ऐतिहासिक युग में पहुँचा दिया।
-
यह महा नाट्य दर्शकों के मन में संस्कार, राष्ट्रभक्ति और मर्यादा की भावना जगाता है।
Maruti Suzuki Cars Price 2025: Alto, Swift, Brezza, Grand Vitara GST कटौती से सस्ती
पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद का भावुक संबोधन
मुख्य अतिथि पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने अपने संबोधन में शिवाजी महाराज को भारतभूमि की उत्कृष्ट संतान बताते हुए कहा –
“मुझे अत्यंत गर्व है कि आज हमारे संस्कृति मंत्री ने छत्रपति शिवाजी महाराज की स्मृति को आगरा में स्थायी रूप देने का जो संकल्प लिया है, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनेगा।”
उन्होंने बताया कि उन्होंने ‘जाणता राजा’ नाटक को पहले दिल्ली और औरंगाबाद में भी देखा है, लेकिन आगरा में इसका मंचन उन्हें अत्यधिक भावनात्मक और गौरवपूर्ण लगा।
कोविंद जी ने शिवाजी महाराज के नेतृत्व का वर्णन करते हुए कहा –
-
वे जनता की पीड़ा और भावनाओं को भली-भाँति समझते थे।
-
उनका शासन केवल तलवार की धार पर नहीं बल्कि नीति और न्याय पर आधारित था।
-
रायगढ़ किले की नगरीय व्यवस्था आधुनिक शहरों के समान ही अद्भुत उदाहरण थी।
उन्होंने यह भी कहा कि –
“विकसित भारत 2047 का अर्थ केवल आर्थिक वृद्धि नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता, पर्यावरणीय संतुलन और मानवीय गरिमा का सम्मान भी है। यही नीति-दर्शन शिवाजी महाराज से हमें सीखना चाहिए।”
Xiaomi 17 Pro Max Specifications Leaked: Display, Battery और Processor Details
दिव्य प्रेम सेवा मिशन की महत्वपूर्ण भूमिका

इस आयोजन का संचालन दिव्य प्रेम सेवा मिशन द्वारा किया गया। इसकी स्थापना 1997 में डॉ. आशीष गौतम ने की थी, जिन्होंने युवाओं के साथ मिलकर हरिद्वार में कुष्ठ रोगियों की सेवा का संकल्प लिया था।
आज यह संस्था समाजसेवा, संस्कार और समर्पण का राष्ट्रीय आंदोलन बन चुकी है।
डॉ. गौतम के भाषण का भी उल्लेख मंत्री जयवीर सिंह ने करते हुए कहा कि –
“उन्होंने बताया कि राष्ट्र को मजबूत बनाने की प्रेरणा हमें शिवाजी महाराज के जीवन से मिलती है।”
मंच पर गूंजे उद्घोष – “भारत माता की जय”
पूरे कार्यक्रम में देशभक्ति और सनातन संस्कृति की झलक स्पष्ट दिखी।
मंच पर उपस्थित गणमान्य लोगों में महामंडलेश्वर स्वामी उमाकांतानंद सरस्वती, प्रो. डीपी सिंह, डॉ. आशीष गौतम, इलाहाबाद हाईकोर्ट के अपर महाधिवक्ता महेश चतुर्वेदी, राकेश गर्ग, चौधरी संजय महेश्वरी और संजय चतुर्वेदी शामिल रहे।
कार्यक्रम का समापन “भारत माता की जय, जय श्रीराम, हर हर महादेव” के उद्घोष के साथ हुआ और पूरा वातावरण उत्साह और राष्ट्रभक्ति से भर गया।
निष्कर्ष

आगरा में आयोजित ‘जाणता राजा’ महा नाट्य केवल एक सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं था, बल्कि यह भारत की सनातन संस्कृति, शिवाजी महाराज के आदर्शों और आगरा की ऐतिहासिक पहचान को पुनर्जीवित करने का महा आयोजन था।
शिवाजी महाराज डिजिटल म्यूजियम और अन्य धार्मिक-पर्यटन योजनाएँ आगरा को न केवल राष्ट्रीय बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाएँगी।
Tata Motors Demerger Record Date 2025: Investors के लिए बड़ी अपडेट और पूरी गाइड
CHECK ALSO:
आगरा सरसों मिनिकिट योजना 2025: आगरा में किसानों को मुफ्त सरसों मिनिकिट वितरण, “पूसा सरसों 32” बीज से पैदावार में बढ़ोतरी
प्रो. डीपी सिंह का व्याख्यान: राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 और विकसित भारत @2047 का विज़न | आगरा
रामानुजन इंटरनेशनल स्कूल में दशहरा उत्सव | छात्रों ने किया राम-रावण युद्ध मंचन और रावण दहन
मिशन शक्ति 5.0: आगरा में कैरियर काउंसिलिंग शिविर | नॉन-ट्रेडिशनल फील्ड्स में करियर गाइडेंस




