केंद्रीय मंत्री प्रो. एस.पी. सिंह बघेल ने किया UPIPS 2025 का शुभारंभ, बोले – “डिजिटल युग में मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाना समय की मांग”
रिपोर्ट: एस. शेरवानी (ब्यूरो चीफ़)
आगरा, 24 अक्टूबर 2025
आगरा। आगरा के प्रतिष्ठित जे.पी. पैलेस होटल एंड कन्वेंशन सेंटर में आज “5th Annual Conference of Association of Clinical Psychiatry (IPS-UP State Branch)” — UPIPS 2025 का शुभारंभ केंद्रीय राज्य मंत्री प्रो. एस.पी. सिंह बघेल ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस अवसर पर उन्होंने देशभर से आए मनोचिकित्सक विशेषज्ञों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों को संबोधित करते हुए कहा कि “मानसिक स्वास्थ्य आज के डिजिटल युग की सबसे बड़ी आवश्यकता बन गया है, और तकनीक इसके सुधार का सबसे सशक्त माध्यम सिद्ध हो रही है।”
मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं में डिजिटल क्रांति की भूमिका
अपने प्रेरक संबोधन में प्रो. बघेल ने कहा कि डिजिटल क्रांति ने हर क्षेत्र में बदलाव लाया है और अब यह बदलाव मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं में भी दिखाई दे रहा है।
“टेलीमेडिसिन, ऑनलाइन काउंसलिंग और डिजिटल प्लेटफॉर्म के ज़रिए अब मनोचिकित्सक सेवाएँ देश के हर कोने में पहुँच रही हैं। यह बदलाव समाज में मानसिक स्वास्थ्य को लेकर जागरूकता बढ़ाने में एक बड़ा कदम है,” — उन्होंने कहा।
मंत्री ने यह भी कहा कि मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े कलंक को मिटाना, समाज में जागरूकता बढ़ाना और हर स्तर पर विशेषज्ञ सेवाओं को सुलभ बनाना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है।
https://hindidainiksamachar.com/tvs-apache-rtx-300-launch/
मनोचिकित्सकों की भूमिका पर दिया जोर
केंद्रीय मंत्री ने देशभर से आए मनोचिकित्सकों को संबोधित करते हुए कहा कि “आप सभी मानसिक स्वास्थ्य के सच्चे योद्धा हैं।”
उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे समाज आधुनिकता की ओर बढ़ रहा है, तनाव, अवसाद, और मानसिक असंतुलन के मामले भी बढ़ रहे हैं। ऐसे में मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों की भूमिका बेहद अहम हो जाती है।
“आपका प्रयास ही आने वाली पीढ़ियों को मानसिक रूप से स्वस्थ, आत्मविश्वासी और सकारात्मक बना सकता है।”
मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता को बढ़ावा देने का संकल्प
प्रो. बघेल ने सम्मेलन के आयोजकों और सभी चिकित्सकों को इस सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएँ दीं और कहा कि इस तरह के सम्मेलन समाज में मानसिक स्वास्थ्य के प्रति संवाद और संवेदनशीलता बढ़ाने का माध्यम हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार भी इस दिशा में लगातार काम कर रही है ताकि प्रत्येक नागरिक को सुलभ, गुणवत्तापूर्ण और सस्ती मानसिक स्वास्थ्य सेवाएँ मिल सकें।
FOR THE LATEST NEWS AND UPDATES SUBSCRIBE TO HINDI DAINIK SAMACHAR
सम्मेलन में प्रमुख विशेषज्ञों की उपस्थिति
इस अवसर पर देशभर के प्रतिष्ठित मनोचिकित्सक और स्वास्थ्य विशेषज्ञ मौजूद रहे जिनमें प्रमुख रूप से —
डॉ. पार्थ बघेल, डॉ. के.सी. गुरनानी, डॉ. यू.सी. गर्ग, डॉ. प्रशांत गुप्ता, डॉ. एस.सी. तिवारी, डॉ. आर.के. जैन, डॉ. अनुराग वर्मा, डॉ. आदर्श त्रिपाठी और डॉ. विपुल सिन्हा शामिल रहे।
सभी विशेषज्ञों ने मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी चुनौतियों, तकनीकी उपयोग, और भविष्य की रणनीतियों पर विचार साझा किए।
https://hindidainiksamachar.com/origin-os-6-vivo-iqoo-android-16-update/
समाज के लिए संदेश
सम्मेलन का उद्देश्य “मानसिक स्वास्थ्य को प्राथमिकता देना और तकनीक के ज़रिए उसकी पहुँच को बढ़ाना” रहा। प्रो. बघेल ने कहा कि यह केवल चिकित्सकों की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है कि मानसिक स्वास्थ्य को लेकर खुली चर्चा और सकारात्मक वातावरण बनाया जाए।
“एक स्वस्थ मस्तिष्क ही स्वस्थ समाज की नींव है,” — प्रो. एस.पी. सिंह बघेल
निष्कर्ष
UPIPS 2025 सम्मेलन आगरा में मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में एक नई दिशा लेकर आया है। डिजिटल तकनीक और विशेषज्ञों के संयुक्त प्रयास से भारत मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं में एक नए युग की शुरुआत की ओर अग्रसर है।
CHECK ALSO:
डॉ. संजय निषाद ने आगरा में की मत्स्य विभाग की समीक्षा बैठक | झींगा पालन और PM मत्स्य संपदा योजना पर दिए अहम निर्देश
आगरा रोजगार मेला: केंद्रीय मंत्री प्रो. बघेल बोले — “यह नियुक्ति पत्र अंत नहीं, नई शुरुआत है” | मोदी सरकार ने दिए 51,000 से अधिक नियुक्ति पत्र
आगरा की दिव्या ने “मेरा सपना भारत” राष्ट्रीय भाषण प्रतियोगिता में हासिल किया तृतीय स्थान | GovernmentSchool.in | WeCitizens Foundation
आगरा में निःशुल्क सरसों बीज वितरण शुरू | पूसा मस्टर्ड 32 के 25,000 मिनीकिट | agridarshan.up.gov.in Registration
